श्री विष्णु पुराण  »  अंश 6: षष्ठ अंश  »  अध्याय 1: कलिधर्मनिरूपण  »  श्लोक 56
 
 
श्लोक  6.1.56 
कस्य माता पिता कस्य यथा कर्मानुग: पुमान्।
इति चोदाहरिष्यन्ति श्वशुरानुगता नरा:॥ ५६॥
 
 
अनुवाद
लोग अपने-अपने ससुर के पीछे-पीछे चलेंगे और कहेंगे, ‘कौन किसका पिता है और कौन किसकी माता है; सब मनुष्य अपने-अपने कर्मानुसार जन्मते और मरते रहते हैं।’॥ 56॥
 
People will follow their father-in-law and say, 'Who is whose father and who is whose mother; all men keep taking birth and dying according to their karma.'॥ 56॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)