विनाकृता न यास्याम: कृष्णेनानेन गोकुलम्।
अरम्यं नातिसेव्यं च वारिहीनं यथा सर:॥ २८॥
अनुवाद
मैं कृष्ण के साथ के बिना गोकुल नहीं जाऊँगा, क्योंकि उनके बिना वह जलहीन सरोवर के समान है, और अत्यन्त कुरूप तथा सेवा के योग्य नहीं है॥28॥
I will not go to Gokul without Krishna's company, because without Him it is like a lake without water, and is extremely unsightly and unworthy of being served. ॥28॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥