श्री विष्णु पुराण  »  अंश 5: पंचम अंश  »  अध्याय 33: श्रीकृष्ण और बाणासुरका युद्ध  »  श्लोक 29
 
 
श्लोक  5.33.29 
बलभद्रो महावीर्यो बाणसैन्यमनेकधा।
विव्याध बाणै: प्रभ्रश्य धर्मतश्च पलायत॥ २९॥
 
 
अनुवाद
उसके आते ही वीर बलभद्र ने अनेक बाणों की वर्षा करके बाणासुर की सेना को नष्ट कर दिया; तब सेना वीरता छोड़कर भागने लगी।
 
As soon as he arrived, the valiant Balabhadra showered many arrows and destroyed Banasura's army; then the army lost its heroic duty and started running away.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)