Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 vishnu 4.2.74: हे! धन्य है वह पुरुष जो ऐसे दुष्ट गर्भ में जन्म लेकर भी अपने पुत्रों, पौत्रों और पौत्रियों का संग करता रहता है और इस प्रकार हमारे हृदय में ईर्ष्या उत्पन्न करता है॥ 74॥ | vishnu अध्याय 4.2: इक्ष्वाकुके वंशका वर्णन तथा सौभरिचरित्र । vishnu अंश 4: चतुर्थ अंश । श्री विष्णु पुराण Sri Vishnu Puran | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे! धन्य है वह पुरुष जो ऐसे दुष्ट गर्भ में जन्म लेकर भी अपने पुत्रों, पौत्रों और पौत्रियों का संग करता रहता है और इस प्रकार हमारे हृदय में ईर्ष्या उत्पन्न करता है॥ 74॥
Oh! Blessed is he who, despite being born in such an evil womb, continues to enjoy the company of his sons, grandsons and granddaughters, and thus creates jealousy in our hearts.॥ 74॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥