श्री विष्णु पुराण  »  अंश 4: चतुर्थ अंश  »  अध्याय 15: शिशुपालके पूर्व-जन्मान्तरोंका तथा वसुदेवजीकी सन्ततिका वर्णन  »  श्लोक 41
 
 
श्लोक  4.15.41 
तस्यामस्य वज्रो जज्ञे॥ ४१॥
 
 
अनुवाद
उससे एक वज्र उत्पन्न हुआ ॥41॥
 
From that a thunderbolt was born. ॥ 41॥
 ✨ ai-generated
 
 
  Connect Form
  हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
  © 2026 vedamrit.in All Rights Reserved. Developed by acd