श्री विष्णु पुराण  »  अंश 3: तृतीय अंश  »  अध्याय 18: मायामोह और असुरोंका संवाद तथा राजा शतधनुकी कथा  »  श्लोक 74
 
 
श्लोक  3.18.74 
तत्रापि दृष्ट्वा तं प्राह शार्गालीं योनिमागतम्।
भर्त्तारमपि चार्वंगी तनया पृथिवीक्षित:॥ ७४॥
 
 
अनुवाद
वहाँ भी सुन्दरी राजकुमारी ने अपने पति को सियार के गर्भ में उत्पन्न देखकर उससे कहा-॥74॥
 
There also, seeing her husband born in the womb of a jackal, the beautiful princess said to him -॥ 74॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)