ततस्स्ववर्णधर्मा ये विप्रादीनामुदाहृता:।
तान्कुर्वीत पुमाञ्जीवेन्निजधर्मार्जनैस्तथा॥ २२॥
अनुवाद
तत्पश्चात् ब्राह्मण आदि वर्णों के लिए बताए गए वर्ण-धर्मों का पालन करना चाहिए; तथा अपने-अपने धर्म के अनुसार अर्जित जीवन व्यतीत करना चाहिए ॥22॥
Thereafter, one should follow the caste religions mentioned for the Brahmins etc. castes; And live the life earned according to one's own religion. 22॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥