श्री विष्णु पुराण  »  अंश 2: द्वितीय अंश  »  अध्याय 7: भूर्भुव: आदि सात ऊर्ध्वलोकोंका वृत्तान्त  »  श्लोक 4
 
 
श्लोक  2.7.4 
यावत्प्रमाणा पृथिवी विस्तारपरिमण्डलात्।
नभस्तावत्प्रमाणं वै व्यासमण्डलतो द्विज॥ ४॥
 
 
अनुवाद
हे द्विज पुरुष! पृथ्वी का आकार और परिधि भुवर्लोक के समान है॥4॥
 
O twice born person! The size and circumference of the Earth is the same as that of the Bhuvarloka (world).॥ 4॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)