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श्री विष्णु पुराण
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अंश 2: द्वितीय अंश
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अध्याय 6: भिन्न-भिन्न नरकोंका तथा भगवन्नामके माहात्म्यका वर्णन
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श्लोक 33
श्लोक
2.6.33
अध:शिरोभिर्दृश्यन्ते नारकैर्दिवि देवता:।
देवाश्चाधोमुखान्सर्वानध: पश्यन्तिनारकान्॥ ३३॥
अनुवाद
अधोमुखी नरकवासी स्वर्ग में देवताओं को देखते हैं और देवता नीचे के लोकों में नरक के प्राणियों को देखते हैं ॥33॥
The downward-facing residents of hell see the gods in heaven, and the gods see the creatures of hell in the lower realms. ॥ 33॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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