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vishnu 2.4.89: हे मुनि! जिस प्रकार अग्नि के संपर्क में आने पर बर्तन का जल उबलने लगता है, उसी प्रकार चन्द्रमा की कलाओं के बढ़ने पर समुद्र का जल भी ऊपर उठने लगता है।   |   vishnu अध्याय 2.4: प्लक्ष तथा शाल्मल आदि द्वीपोंका विशेष वर्णन   ।   vishnu अंश 2: द्वितीय अंश   ।   श्री विष्णु पुराण Sri Vishnu Puran | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री विष्णु पुराण  »  अंश 2: द्वितीय अंश  »  अध्याय 4: प्लक्ष तथा शाल्मल आदि द्वीपोंका विशेष वर्णन  »  श्लोक 89
 
 
श्लोक  2.4.89 
स्थालीस्थमग्निसंयोगादुद्रेकि सलिलं यथा।
तथेन्दुवृद्धौ सलिलमम्भोधौ मुनिसत्तम॥ ८९ ॥
 
 
अनुवाद
हे मुनि! जिस प्रकार अग्नि के संपर्क में आने पर बर्तन का जल उबलने लगता है, उसी प्रकार चन्द्रमा की कलाओं के बढ़ने पर समुद्र का जल भी ऊपर उठने लगता है।
 
O great sage! Just as the water in a vessel begins to boil when it comes in contact with fire, similarly the water in the ocean also begins to rise with the increase in the phases of the moon. 89.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)