श्री विष्णु पुराण  »  अंश 2: द्वितीय अंश  »  अध्याय 4: प्लक्ष तथा शाल्मल आदि द्वीपोंका विशेष वर्णन  »  श्लोक 53
 
 
श्लोक  2.4.53 
पुष्करा: पुष्कला धन्यास्तिष्याख्याश्च महामुने।
ब्राह्मणा:क्षत्रिया वैश्या: शूद्राश्चानुक्रमोदिता:॥ ५३॥
 
 
अनुवाद
हे महामुनि! वहां के ब्राह्मण, क्षत्रिय, वैश्य और शूद्र को क्रमशः पुष्कर, पुष्कल, धन्य और तिष्य कहा जाता है। 53॥
 
Oh great sage! The Brahmins, Kshatriyas, Vaishyas and Shudras there are called Pushkar, Pushkal, Dhanya and Tishya respectively. 53॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)