Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 vishnu 1.2.39: उसी (स्पर्श-तन्मात्रा) से प्रचण्ड वायु उत्पन्न हुई, उसका गुण स्पर्श माना गया है। शब्द-तन्मात्रा रूपी आकाश ने स्पर्श-तन्मात्रा रूपी वायु को आवृत कर रखा है ॥39॥ | vishnu अध्याय 1.2: चौबीस तत्त्वोंके विचारके साथ जगत्के उत्पत्तिक्रमका वर्णन और विष्णुकी महिमा । vishnu अंश 1: प्रथम अंश । श्री विष्णु पुराण Sri Vishnu Puran | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
उसी (स्पर्श-तन्मात्रा) से प्रचण्ड वायु उत्पन्न हुई, उसका गुण स्पर्श माना गया है। शब्द-तन्मात्रा रूपी आकाश ने स्पर्श-तन्मात्रा रूपी वायु को आवृत कर रखा है ॥39॥
From that (Sparsh-Tanmatra) - strong wind was created, its quality is considered to be touch. The sky in the form of word-tanmatra has covered the air in the form of touch-tanmatra. 39॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥