Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 vishnu 1.2.14: वे ही इन समस्त व्यक्त (कार्य) और अव्यक्त (कारण) जगतों के रूप में तथा इनके साक्षी पुरुष और महाकारण काल के रूप में विद्यमान हैं ॥14॥ | vishnu अध्याय 1.2: चौबीस तत्त्वोंके विचारके साथ जगत्के उत्पत्तिक्रमका वर्णन और विष्णुकी महिमा । vishnu अंश 1: प्रथम अंश । श्री विष्णु पुराण Sri Vishnu Puran | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
तदेव सर्वमेवैतद्व्यक्ताव्यक्तस्वरूपवत्।
तथा पुरुषरूपेण कालरूपेण च स्थितम्॥ १४॥
अनुवाद
वे ही इन समस्त व्यक्त (कार्य) और अव्यक्त (कारण) जगतों के रूप में तथा इनके साक्षी पुरुष और महाकारण काल के रूप में विद्यमान हैं ॥14॥
He alone exists in the form of all these manifest (effect) and unmanifest (cause) worlds, and in the form of its witness, the person and the great causal time. ॥14॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥