| श्रीमद् वाल्मीकि रामायण » काण्ड 7: उत्तर काण्ड » सर्ग 74: नारदजी का श्रीराम से एक तपस्वी शूद्र के अधर्माचरण को ब्राह्मण-बालक की मृत्यु में कारण बताना » श्लोक 4 |
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| | | | श्लोक 7.74.4  | मार्कण्डेयोऽथ मौद्गल्यो वामदेवश्च काश्यप:।
कात्यायनोऽथ जाबालिर्गौतमो नारदस्तथा॥ ४॥ | | | | | | अनुवाद | | उन आठों के नाम इस प्रकार हैं- मार्कण्डेय, मौद्गल्य, वामदेव, कश्यप, कात्यायन, जाबालि, गौतम और नारद। 4॥ | | | | The names of those eight are as follows - Markandeya, Maudgalya, Vamdev, Kashyap, Katyayan, Jabali, Gautam and Narad. 4॥ | | ✨ ai-generated | | |
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