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स प्रभावेण शूलस्य दौरात्म्येनात्मनस्तथा।
संतापयति लोकांस्त्रीन् विशेषेण च तापसान्॥ २०॥
अनुवाद
'अब वह दुष्ट व्यक्ति उस भाले के प्रभाव से तथा अपनी दुष्टता के कारण तीनों लोकों को, विशेषतः तपस्वी मुनियों को महान कष्ट पहुँचा रहा है।
‘Now that evil person, due to the effect of that spear and because of his wickedness, is causing great trouble to the three worlds, especially to the ascetic sages.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥