Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 7.11.1: रावण आदि राक्षसों को वरदान प्राप्त है, यह जानकर सुमाली नामक राक्षस अपने अनुयायियों सहित सारा भय त्यागकर रसातल से बाहर निकल आया। | ramayan सर्ग 7.11: रावण का संदेश सुनकर पिता की आज्ञा से कुबेर का लङ्का को छोड़कर कैलास पर जाना, लङ्का में रावण का राज्याभिषेक तथा राक्षसों का निवास । ramayan काण्ड 7: उत्तर काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
रावण आदि राक्षसों को वरदान प्राप्त है, यह जानकर सुमाली नामक राक्षस अपने अनुयायियों सहित सारा भय त्यागकर रसातल से बाहर निकल आया।
Knowing that the demons like Ravana etc. have been granted a boon, the demon named Sumali, along with his followers, left all their fear and emerged from the abyss.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥