श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 6: युद्ध काण्ड  »  सर्ग 93: श्रीराम द्वारा राक्षस सेना का संहार  »  श्लोक 36
 
 
श्लोक  6.93.36 
ततो देवा: सगन्धर्वा: सिद्धाश्च परमर्षय:।
साधु साध्विति रामस्य तत् कर्म समपूजयन्॥ ३६॥
 
 
अनुवाद
तत्पश्चात् देवताओं, गन्धर्वों, सिद्धों और महर्षियों ने भगवान् श्री रामजी के इस कार्य की प्रशंसा और धन्यवाद किया॥36॥
 
Thereafter, the gods, Gandharvas, Siddhas and Maharishis thanked and praised this work of Lord Shri Ram. 36॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)