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श्रीमद् वाल्मीकि रामायण
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काण्ड 6: युद्ध काण्ड
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सर्ग 76: अङ्गद के द्वारा कम्पन और प्रजङ्घका द्विविद के द्वारा शोणिताक्षका, मैन्द के द्वारा यूपाक्षका और सुग्रीव के द्वारा कुम्भ का वध
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श्लोक 59
श्लोक
6.76.59
ते तु वानरशार्दूला: श्रुत्वा रामस्य शासनम्।
अभिपेतु: सुसंक्रुद्धा: कुम्भमुद्यतकार्मुकम्॥ ५९॥
अनुवाद
श्री रामजी की आज्ञा सुनकर महारथी वानर अत्यन्त क्रोधित हो उठे और धनुष उठाकर खड़े होकर चारों ओर से उस घड़े पर आक्रमण करने लगे।
On hearing Sri Rama's command the great warrior monkeys became very angry and standing with their bows raised, attacked the pot from all sides. 59.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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