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श्लोक  6.70.59 
स वेगवान् वेगवदभ्युपेत्य
तं राक्षसं वानरवीरमुख्य:।
संवर्त्य मुष्टिं सहसा जघान
बाह्वन्तरे शैलनिकाशरूप:॥ ५९॥
 
 
अनुवाद
वीर वानरों का सरदार ऋषिभ पर्वत के समान विशाल था। वह अत्यंत शक्तिशाली था। वह शीघ्रता से राक्षस के पास पहुँचा, अपनी मुट्ठी उठाई और अचानक उसकी छाती पर प्रहार किया।
 
The chief of the brave monkeys, Rishibha, looked like a mountain. He was very powerful. He quickly approached the demon, raised his fist and suddenly struck him on the chest.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)