Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 6.67.128: राजन! यह राक्षस रक्त की गंध से मतवाला हो गया है, इसलिए न तो वानरों को पहचानता है और न राक्षसों को। यह अपने और पराये पक्ष के योद्धाओं को खा रहा है॥128॥ | ramayan सर्ग 6.67: कम्भकर्ण का भयंकर युद्ध और श्रीराम के हाथ से उसका वध । ramayan काण्ड 6: युद्ध काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
राजन! यह राक्षस रक्त की गंध से मतवाला हो गया है, इसलिए न तो वानरों को पहचानता है और न राक्षसों को। यह अपने और पराये पक्ष के योद्धाओं को खा रहा है॥128॥
‘King! This demon has become intoxicated by the smell of blood; hence he neither recognises the monkeys nor the demons. He is eating the warriors of both his own and the other side.॥ 128॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥