Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 6.59.23-24: जो बाघ, ऊँट, हाथी, मृग और घोड़े के समान मुख वाले भूतों से घिरा हुआ है, जिसके नेत्र बड़े-बड़े हैं और जो अनेक प्रकार के भयानक रूप धारण किए हुए है, जो देवताओं का भी गर्व चूर कर देता है और जिसके पास पूर्ण चन्द्रमा के समान पतले कमानीदार और श्वेत छत्र वाला सुन्दर छत्र है, वह महामनस्वी दैत्यराज रावण है, जो भूतों से घिरा हुआ भगवान रुद्र के समान शोभा पाता है॥ 23-24॥ | ramayan सर्ग 6.59: प्रहस्त की मृत्यु से दुःखी रावण का युद्ध के लिये पधारना, लक्ष्मण का युद्ध में आना, श्रीराम से परास्त होकर रावण का लङ्का जाना । ramayan काण्ड 6: युद्ध काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
जो बाघ, ऊँट, हाथी, मृग और घोड़े के समान मुख वाले भूतों से घिरा हुआ है, जिसके नेत्र बड़े-बड़े हैं और जो अनेक प्रकार के भयानक रूप धारण किए हुए है, जो देवताओं का भी गर्व चूर कर देता है और जिसके पास पूर्ण चन्द्रमा के समान पतले कमानीदार और श्वेत छत्र वाला सुन्दर छत्र है, वह महामनस्वी दैत्यराज रावण है, जो भूतों से घिरा हुआ भगवान रुद्र के समान शोभा पाता है॥ 23-24॥
He who is surrounded by ghosts having faces like those of a tiger, a camel, an elephant, a deer and a horse, having bulging eyes and having many kinds of fearsome forms, who shatters the pride of even the gods and who has a beautiful umbrella with a thin spring and white umbrella like the full moon, is the great-minded Ravana, the king of demons, who looks as beautiful as Lord Rudra surrounded by ghosts.॥ 23-24॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥