श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 6: युद्ध काण्ड  »  सर्ग 30: रावण के भेजे हुए गुप्तचरों एवं शार्दूल का उससे वानर-सेना का समाचार बताना और मुख्य-मुख्य वीरों का परिचय देना  »  श्लोक 19
 
 
श्लोक  6.30.19 
अथैवमुक्त: शार्दूलो रावणेनोत्तमश्चर:।
इदं वचनमारेभे वक्तुं रावणसंनिधौ॥ १९॥
 
 
अनुवाद
जब रावण ने उनसे ऐसा पूछा, तब श्रेष्ठ गुप्तचर शार्दूल ने उनसे यह बात कहना आरम्भ किया - ॥19॥
 
When Ravana asked him this, the best spy Shardul started telling him the following - ॥19॥
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  हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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