एते दुष्प्रसहा वीरा येषां संख्या न विद्यते।
यूथपा यूथपश्रेष्ठास्तेषां यूथानि भागश:॥ ४७॥
अनुवाद
ये सभी वानर बड़े वीर हैं। इनकी गणना करना असम्भव है। यूथपतियों में श्रेष्ठतम के अपने-अपने यूथप हैं।॥47॥
‘All these monkeys are very brave. It is impossible to count them. The best amongst the Yuthapatis (leaders) have their own separate Yuthaaps.’॥ 47॥
इत्यार्षे श्रीमद्रामायणे वाल्मीकीये आदिकाव्ये युद्धकाण्डे ष ड् विंश: सर्ग: ॥ २ ६॥
इस प्रकार श्रीवाल्मीकिनिर्मित आर्षरामायण आदिकाव्यके युद्धकाण्डमें छब्बीसवाँ सर्ग पूरा हुआ ॥ २ ६॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥