श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 6: युद्ध काण्ड  »  सर्ग 24: श्रीराम का लक्ष्मण से लङ्का की शोभा का वर्णन कर सेना को व्यूहबद्ध करना, रावण का अपने बल की डींग हाँकना  »  श्लोक 39
 
 
श्लोक  6.24.39 
तच्चास्य बलमादास्ये बलेन महता वृत:।
ज्योतिषामिव सर्वेषां प्रभामुद्यन् दिवाकर:॥ ३९॥
 
 
अनुवाद
जैसे सूर्य उदय होते समय समस्त नक्षत्रों की प्रभा को हर लेता है, वैसे ही मैं विशाल सेना लेकर युद्धभूमि में खड़ा होकर राम की समस्त वानर सेना को अपने में समाहित कर लूँगा॥ 39॥
 
Just as the Sun, at the time of its rising, takes away the radiance of all the stars, similarly, standing on the battlefield with a huge army, I shall assimilate all of Rama's monkey army.॥ 39॥
 ✨ ai-generated
 
 
  Connect Form
  हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
  © 2026 vedamrit.in All Rights Reserved. Developed by acd