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श्रीमद् वाल्मीकि रामायण
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काण्ड 6: युद्ध काण्ड
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सर्ग 23: श्रीराम का लक्ष्मण से उत्पातसूचक लक्षणों का वर्णन और लङ्का पर आक्रमण
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श्लोक 1
श्लोक
6.23.1
निमित्तानि निमित्तज्ञो दृष्ट्वा लक्ष्मणपूर्वज:।
सौमित्रिं सम्परिष्वज्य इदं वचनमब्रवीत्॥ १॥
अनुवाद
अनेक अपशकुनों को देखकर संकट के लक्षण जानकर लक्ष्मण के बड़े भाई श्री राम ने सुमित्रापुत्र लक्ष्मण को गले लगा लिया और इस प्रकार कहा -
Knowing the signs of trouble, Laxman's elder brother Shri Ram, after seeing many bad omens, embraced Sumitra's son Laxman and said thus -
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हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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