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श्रीमद् वाल्मीकि रामायण
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श्लोक 3
श्लोक
6.128.3
धुरमेकाकिना न्यस्तां वृषभेण बलीयसा।
किशोरवद् गुरुं भारं न वोढुमहमुत्सहे॥ ३॥
अनुवाद
जिस भार को एक बहुत बलवान बैल अकेले उठा सकता है, उसे बछड़ा भी नहीं उठा सकता; उसी प्रकार मैं भी इस भारी भार को उठाने में असमर्थ हूँ॥3॥
‘A calf cannot lift the load that a very strong bull can carry alone; similarly, I too am unable to lift this heavy load.॥ 3॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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