Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 6.123.29-30: परम तेजस्वी श्री रघुनाथजी की यह बात सुनकर महाबली वानरराज सुग्रीव समस्त वानरों से घिरे हुए शीघ्र ही भीतरी कक्ष में गए और तारा से मिलकर इस प्रकार बोले-॥29-30॥ | ramayan सर्ग 6.123: अयोध्या की यात्रा करते समय श्रीराम का सीताजी को मार्ग के स्थान दिखाना । ramayan काण्ड 6: युद्ध काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
परम तेजस्वी श्री रघुनाथजी की यह बात सुनकर महाबली वानरराज सुग्रीव समस्त वानरों से घिरे हुए शीघ्र ही भीतरी कक्ष में गए और तारा से मिलकर इस प्रकार बोले-॥29-30॥
Upon hearing this statement by the immensely illustrious Sri Raghunathji, the great monkey king Sugreeva, surrounded by all the monkeys, quickly entered the inner chamber and met Tara and said thus -॥ 29-30॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥