Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
ramayan 6.123.27-29h: हे वानरश्रेष्ठ! सभी वानर-प्रधानों से कहो कि वे अपनी-अपनी पत्नियों को साथ लेकर सीता सहित अयोध्या चलें। और हे महाबली वानरराज सुग्रीव! आप भी अपनी सब पत्नियों के साथ शीघ्र जाने की तैयारी करें, जिससे हम सब शीघ्र वहाँ पहुँच जाएँ।॥27-28 1/2॥   |   ramayan सर्ग 6.123: अयोध्या की यात्रा करते समय श्रीराम का सीताजी को मार्ग के स्थान दिखाना   ।   ramayan काण्ड 6: युद्ध काण्ड   ।   श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 6: युद्ध काण्ड  »  सर्ग 123: अयोध्या की यात्रा करते समय श्रीराम का सीताजी को मार्ग के स्थान दिखाना  »  श्लोक 27-29h
 
 
श्लोक  6.123.27-29h 
ब्रूहि वानरशार्दूल सर्वान् वानरपुङ्गवान्॥ २७॥
स्त्रीभि: परिवृता: सर्वे ह्ययोध्यां यान्तु सीतया।
तथा त्वमपि सर्वाभि: स्त्रीभि: सह महाबल॥ २८॥
अभित्वरय सुग्रीव गच्छाम: प्लवगाधिप।
 
 
अनुवाद
हे वानरश्रेष्ठ! सभी वानर-प्रधानों से कहो कि वे अपनी-अपनी पत्नियों को साथ लेकर सीता सहित अयोध्या चलें। और हे महाबली वानरराज सुग्रीव! आप भी अपनी सब पत्नियों के साथ शीघ्र जाने की तैयारी करें, जिससे हम सब शीघ्र वहाँ पहुँच जाएँ।॥27-28 1/2॥
 
O best of the monkeys! Tell all the monkey chiefs to take their wives along with them and go to Ayodhya with Sita. And O mighty monkey king Sugreev! You too should prepare to go quickly with all your wives, so that we all reach there quickly.'॥ 27-28 1/2॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)