Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 5.60.15-16h: महाकापे! आप बड़े बुद्धिमान हैं, परन्तु इस समय जो कुछ आप कह रहे हैं, वह बुद्धिमानी नहीं है; क्योंकि वानरराज सुग्रीव और परम बुद्धिमान भगवान् श्री राम ने हमें केवल दक्षिण दिशा में सीता की खोज करने की आज्ञा दी है, उन्हें साथ लाने की नहीं॥ 15 1/2॥ | ramayan सर्ग 5.60: अङ्गद का लङ्का को जीतकर सीता को ले आने का उत्साहपूर्ण विचार और जाम्बवान् के द्वारा उसका निवारण । ramayan काण्ड 5: सुन्दर काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
महाकापे! आप बड़े बुद्धिमान हैं, परन्तु इस समय जो कुछ आप कह रहे हैं, वह बुद्धिमानी नहीं है; क्योंकि वानरराज सुग्रीव और परम बुद्धिमान भगवान् श्री राम ने हमें केवल दक्षिण दिशा में सीता की खोज करने की आज्ञा दी है, उन्हें साथ लाने की नहीं॥ 15 1/2॥
Mahakape! You are very intelligent, however what you are saying at this time is not wise; because the monkey king Sugreeva and the most intelligent Lord Shri Ram have ordered us to only search for Sita in the southern direction, and not to bring her along.॥ 15 1/2॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥