Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 5.58.61: 'उसका मन रावण से पूरी तरह विमुख हो चुका है। उसने प्राण त्यागने का निश्चय कर लिया है। उस अवस्था में भी मैं किसी प्रकार शीघ्रता से उस हिरणी-सी सीता के पास पहुँच गया।' 61. | ramayan सर्ग 5.58: जाम्बवान् के पूछने पर हनुमान जी का अपनी लङ्का यात्रा का सारा वृत्तान्त सुनाना । ramayan काण्ड 5: सुन्दर काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
'उसका मन रावण से पूरी तरह विमुख हो चुका है। उसने प्राण त्यागने का निश्चय कर लिया है। उस अवस्था में भी मैं किसी प्रकार शीघ्रता से उस हिरणी-सी सीता के पास पहुँच गया।' 61.
‘Her heart is completely away from Ravana. She has decided to die. In that condition I somehow managed to reach the doe-eyed Sita quickly. 61.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥