प्रभु श्री रामचन्द्रजी को कुछ काम है, जिसके लिए मैं आपके पास आया हूँ। हे प्रभु! मैं अनंत यशस्वी श्री रघुनाथजी का दूत हूँ, अतः इस पर विचार कीजिए और मेरे हितकारी वचन सुनिए।॥18-19॥
Lord Shri Ramchandra has some work for which I have come to you. O Lord! I am the messenger of the infinitely illustrious Shri Raghunathji, so consider this and listen to my beneficial words.'॥ 18-19॥
इत्यार्षे श्रीमद्रामायणे वाल्मीकीये आदिकाव्ये सुन्दरकाण्डे पञ्चाश: सर्ग:॥ ५०॥
इस प्रकार श्रीवाल्मीकिनिर्मित आर्षरामायण आदिकाव्यके सुन्दरकाण्डमें पचासवाँ सर्ग पूरा हुआ॥ ५०॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥