Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 5.1.66: सूर्य के समान विशाल हनुमान चलते समय अपनी पूंछ के कारण इतने सुन्दर लग रहे थे, मानो किसी विशाल हाथी की कमर में रस्सी बाँधकर उसे सुशोभित किया जा रहा हो। 66। | ramayan सर्ग 5.1: हनुमान् जी के द्वारा समुद्र का लङ्घन, मैनाक के द्वारा उनका स्वागत, सुरसा पर उनकी विजय तथा सिंहिका का वध,लंका की शोभा देखना । ramayan काण्ड 5: सुन्दर काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
सूर्य के समान विशाल हनुमान चलते समय अपनी पूंछ के कारण इतने सुन्दर लग रहे थे, मानो किसी विशाल हाथी की कमर में रस्सी बाँधकर उसे सुशोभित किया जा रहा हो। 66।
Hanuman, who was as huge as the Sun, was looking so beautiful due to his tail while moving, as if a huge elephant was being decorated with a rope tied around its waist. 66.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥