श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 4: किष्किंधा काण्ड  »  सर्ग 7: सुग्रीव का श्रीराम को समझाना तथा श्रीराम का सुग्रीव को उनकी कार्य सिद्धि का विश्वास दिलाना  »  श्लोक 19
 
 
श्लोक  4.7.19 
किं तु यत्नस्त्वया कार्यो मैथिल्या: परिमार्गणे।
राक्षसस्य च रौद्रस्य रावणस्य दुरात्मन:॥ १९॥
 
 
अनुवाद
परन्तु तुम्हें मिथिलेशकुमारी सीता और भयंकर राक्षस रावण का पता लगाने का प्रयत्न करना चाहिए ॥19॥
 
But you should try to find out Mithilesh Kumari Sita and the fierce demon Ravana. 19॥
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  हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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