vedamrit
Reset
Home
ग्रन्थ
श्रीमद् वाल्मीकि रामायण
श्रीमद् भगवद गीता
______________
श्री विष्णु पुराण
श्रीमद् भागवतम
______________
श्रीचैतन्य भागवत
वैष्णव भजन
About
Contact
श्रीमद् वाल्मीकि रामायण
»
काण्ड 3: अरण्य काण्ड
»
सर्ग 61: श्रीराम और लक्ष्मण के द्वारा सीता की खोज और उनके न मिलने से श्रीराम की व्याकुलता
»
श्लोक 27
श्लोक
3.61.27
एवं स विलपन् राम: सीताहरणकर्षित:।
दीन: शोकसमाविष्टो मुहूर्तं विह्वलोऽभवत्॥ २७॥
अनुवाद
इस प्रकार सीता के हरण से दुःखी होकर श्री राम शोकग्रस्त होकर दो घड़ी तक महान् व्याकुल रहे।
Thus, being pained by the abduction of Sita, Sri Rama, being sad and mourning, remained in great distress for two hours.
✨ ai-generated
Connect Form
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
© 2026 vedamrit.in All Rights Reserved. Developed by AmritChaitanyaDas