Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
ramayan 3.49.6: कुबेर के छोटे भाई रावण ने तुरन्त अपना सौम्य रूप त्याग दिया और अपना स्वाभाविक रूप धारण कर लिया, जो मृत्यु के समान भयंकर और भयानक था।   |   ramayan सर्ग 3.49: रावण द्वारा सीता का अपहरण, सीता का विलाप और उनके द्वारा जटायु का दर्शन   ।   ramayan काण्ड 3: अरण्य काण्ड   ।   श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 3: अरण्य काण्ड  »  सर्ग 49: रावण द्वारा सीता का अपहरण, सीता का विलाप और उनके द्वारा जटायु का दर्शन  »  श्लोक 6
 
 
श्लोक  3.49.6 
सद्य: सौम्यं परित्यज्य तीक्ष्णरूपं स रावण:।
स्वं रूपं कालरूपाभं भेजे वैश्रवणानुज:॥ ६॥
 
 
अनुवाद
कुबेर के छोटे भाई रावण ने तुरन्त अपना सौम्य रूप त्याग दिया और अपना स्वाभाविक रूप धारण कर लिया, जो मृत्यु के समान भयंकर और भयानक था।
 
Kubera's younger brother Ravana instantly gave up his gentle form and assumed his natural form, which was fierce and terrible like death.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)