Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 1.9.17: इसके बाद वे विचार करके राजा को कोई उचित उपाय सुझाएँगे और कहेंगे, ‘हम किसी प्रकार उस ब्राह्मण बालक को यहाँ ले आएँगे। ऐसा करने से कोई हानि नहीं होगी।’॥17॥ | ramayan सर्ग 1.9: सुमन्त्र का दशरथ को ऋष्यशृंग मुनि को बुलाने की सलाह और शान्ता से विवाह का प्रसंग सुनाना । ramayan काण्ड 1: बाल काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
वक्ष्यन्ति चिन्तयित्वा ते तस्योपायांश्च तान् क्षमान्।
आनेष्यामो वयं विप्रं न च दोषो भविष्यति॥ १७॥
अनुवाद
इसके बाद वे विचार करके राजा को कोई उचित उपाय सुझाएँगे और कहेंगे, ‘हम किसी प्रकार उस ब्राह्मण बालक को यहाँ ले आएँगे। ऐसा करने से कोई हानि नहीं होगी।’॥17॥
‘After this, after thinking over it, they will suggest a suitable solution to the king and say, ‘We will bring that Brahmin boy here by some means. By doing this, no harm will be done.’॥ 17॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥