Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
ramayan 1.65.18-19h: तत्पश्चात् ब्रह्मा आदि सभी देवता महात्मा विश्वामित्र के पास जाकर मधुर वाणी में बोले- 18 1/2॥   |   ramayan सर्ग 1.65: विश्वामित्र की घोर तपस्या, उन्हें ब्राह्मणत्व की प्राप्ति तथा राजा जनक का उनकी प्रशंसा करके उनसे विदा ले राजभवन को लौटना   ।   ramayan काण्ड 1: बाल काण्ड   ।   श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 1: बाल काण्ड  »  सर्ग 65: विश्वामित्र की घोर तपस्या, उन्हें ब्राह्मणत्व की प्राप्ति तथा राजा जनक का उनकी प्रशंसा करके उनसे विदा ले राजभवन को लौटना  »  श्लोक 18-19h
 
 
श्लोक  1.65.18-19h 
तत: सुरगणा: सर्वे पितामहपुरोगमा:॥ १८॥
विश्वामित्रं महात्मानं वाक्यं मधुरमब्रुवन्।
 
 
अनुवाद
तत्पश्चात् ब्रह्मा आदि सभी देवता महात्मा विश्वामित्र के पास जाकर मधुर वाणी में बोले- 18 1/2॥
 
Thereafter, all the gods like Brahma went to Mahatma Vishwamitra and said in a sweet voice – 18 1/2॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)