श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 1: बाल काण्ड  »  सर्ग 20: राजा दशरथ का विश्वामित्र को अपना पुत्र देने से इनकार करना और विश्वामित्र का कुपित होना  »  श्लोक 12-13
 
 
श्लोक  1.20.12-13 
किंवीर्या राक्षसास्ते च कस्य पुत्राश्च के च ते॥ १२॥
कथं प्रमाणा: के चैतान् रक्षन्ति मुनिपुंगव।
कथं च प्रतिकर्तव्यं तेषां रामेण रक्षसाम्॥ १३॥
 
 
अनुवाद
वे राक्षस कितने बलवान हैं, किसके पुत्र हैं और कौन हैं? उनका शरीर कैसा है? हे मुनि! उनकी रक्षा कौन करता है? राम उन राक्षसों का सामना कैसे कर सकते हैं?॥12-13॥
 
'How mighty are those demons, whose sons are they and who are they? What is their build? O sage! Who protects them? How can Rama face those demons?॥ 12-13॥
 ✨ ai-generated
 
 
  Connect Form
  हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
  © 2026 vedamrit.in All Rights Reserved. Developed by acd