Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 9.32.33-34: युधिष्ठिर ने कहा, "गांधारीपुत्र! सुयोधन! उठो और मुझसे युद्ध करो। तुम बलवान हो। युद्ध में गदा लेकर अकेले योद्धा से युद्ध करके अपना पुरुषार्थ दिखाओ। एकाग्रचित्त होकर युद्ध करो। यदि इंद्र भी तुम्हारा रक्षक बन जाएँ, तो भी आज तुम्हारे प्राण नहीं बच सकते।" 33-34. | mahabharat अध्याय 9.32: युधिष्ठिरके कहनेसे दुर्योधनका तालाबसे बाहर होकर किसी एक पाण्डवके साथ गदायुद्धके लिये तैयार होना । mahabharat पर्व 9: शल्य पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
युधिष्ठिर ने कहा, "गांधारीपुत्र! सुयोधन! उठो और मुझसे युद्ध करो। तुम बलवान हो। युद्ध में गदा लेकर अकेले योद्धा से युद्ध करके अपना पुरुषार्थ दिखाओ। एकाग्रचित्त होकर युद्ध करो। यदि इंद्र भी तुम्हारा रक्षक बन जाएँ, तो भी आज तुम्हारे प्राण नहीं बच सकते।" 33-34.
Yudhishthira said, "Son of Gandhari! Suyodhan! Get up and fight with me. You are strong. Show your manliness by fighting with a single warrior with the mace in the war. Fight with concentration. Even if Indra becomes your protector, your life cannot be saved today." 33-34.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥