श्री महाभारत  »  पर्व 9: शल्य पर्व  »  अध्याय 29: बची हुई समस्त कौरव-सेनाका वध, संजयका कैदसे छूटना, दुर्योधनका सरोवरमें प्रवेश तथा युयुत्सुका राजमहिलाओंके साथ हस्तिनापुरमें जाना  »  श्लोक 24
 
 
श्लोक  9.29.24 
परिगृह्य हि यद् युद्धे धृष्टद्युम्नो व्यवस्थित:।
एकाकी भरतश्रेष्ठ ततो दुर्योधनो नृप:॥ २४॥
 
 
अनुवाद
सेनापति धृष्टद्युम्न इन सब सैनिकों के साथ युद्धभूमि में खड़े थे। राजा दुर्योधन वहाँ अकेला रह गया था॥ 24॥
 
Commander Dhrishtadyumna was standing on the battlefield with all these soldiers. King Duryodhan was left alone there.॥ 24॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)