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श्री महाभारत
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पर्व 9: शल्य पर्व
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अध्याय 1: संजयके मुखसे शल्य और दुर्योधनके वधका वृत्तान्त सुनकर राजा धृतराष्ट्रका मूर्च्छित होना और सचेत होनेपर उन्हें विदुरका आश्वासन देना
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श्लोक 38-39h
श्लोक
9.1.38-39h
कालेन निहतं सर्वं जगद् वै भरतर्षभ॥ ३८॥
दुर्योधनं वै पुरत: कृत्वा वैरं च भारत।
अनुवाद
‘भरतश्रेष्ठ! भरतनन्दन! काल ने दुर्योधन आदि शत्रुओं को आगे करके सम्पूर्ण जगत् का नाश कर दिया । 38 1/2॥
‘Bharatshrestha! Bharatnandan! Kaal destroyed the entire world by putting forward Duryodhana and his enemies. 38 1/2॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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