Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 8.82.d8-d9: लेकिन तुम सब पापियों ने मिलकर उसके साथ एक नीच व्यक्ति जैसा व्यवहार किया, जो तुम्हारी माँ के कर्मों के अनुरूप था। द्रौपदी ने केवल एक को चुना था, लेकिन तुम पाँचों ने उसे अपनी पत्नी बनाया और इस कृत्य में तुम्हें एक-दूसरे पर ज़रा भी शर्म नहीं आई। मुझे यह भी याद है कि कौरव सभा में शकुनि ने द्रौपदी सहित तुम सभी को दास बना दिया था। | mahabharat अध्याय 8.82: सात्यकिके द्वारा कर्णपुत्र प्रसेनका वध, कर्णका पराक्रम और दु:शासन एवं भीमसेनका युद्ध । mahabharat पर्व 8: कर्ण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
लेकिन तुम सब पापियों ने मिलकर उसके साथ एक नीच व्यक्ति जैसा व्यवहार किया, जो तुम्हारी माँ के कर्मों के अनुरूप था। द्रौपदी ने केवल एक को चुना था, लेकिन तुम पाँचों ने उसे अपनी पत्नी बनाया और इस कृत्य में तुम्हें एक-दूसरे पर ज़रा भी शर्म नहीं आई। मुझे यह भी याद है कि कौरव सभा में शकुनि ने द्रौपदी सहित तुम सभी को दास बना दिया था।
But all of you sinners together treated her like a lowly person, which was in keeping with the deeds of your mother. Draupadi chose only one, but you five made her your wife and in this act you did not feel even a little ashamed of each other. I also remember that in the Kaurava Sabha, Shakuni made all of you including Draupadi slaves.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥