श्री महाभारत  »  पर्व 8: कर्ण पर्व  »  अध्याय 76: भीमसेनका अपने सारथि विशोकसे संवाद  »  श्लोक 21
 
 
श्लोक  8.76.21 
सर्वे संख्ये कुरवो निष्पतन्तु
मां वा लोका: कीर्तयन्त्वाकुमारम्।
सर्वानेकस्तानहं पातयिष्ये
ते वा सर्वे भीमसेनं तुदन्तु॥ २१॥
 
 
अनुवाद
आज सब कौरव रणभूमि में गिर पड़ें अथवा बालकों से लेकर वृद्धों तक सब यह कहें कि मैं भीमसेन रणभूमि में गिर पड़ा हूँ! मैं ही उन सब कौरवों का वध करूँगा अथवा वे सब मुझ भीमसेन को पीड़ा पहुँचाएँ॥ 21॥
 
Today all the Kauravas may fall on the battlefield or everyone from children to old people may say that I, Bhimasena, have fallen on the battlefield! I alone will kill all those Kauravas or they all may torment me, Bhimasena.॥ 21॥
 ✨ ai-generated
 
 
  Connect Form
  हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
  © 2026 vedamrit.in All Rights Reserved. Developed by AmritChaitanyaDas