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श्लोक  8.64.62 
सूतपुत्रं च संरब्धं पश्य कृष्ण महारणे।
अन्तकप्रतिमं वीर्ये कुर्वाणं कर्म दारुणम्॥ ६२॥
 
 
अनुवाद
हे कृष्ण! देखो, यमराज के समान पराक्रमी सारथी का पुत्र इस महायुद्ध में कैसा भयंकर कर्म कर रहा है।
 
Lord Krishna! See what a terrible deed the son of a charioteer, who is equal to Yamaraja in valour, is doing in this great war.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)