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श्री महाभारत
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पर्व 8: कर्ण पर्व
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अध्याय 60: श्रीकृष्णका अर्जुनसे दुर्योधन और कर्णके पराक्रमका वर्णन करके कर्णको मारनेके लिये अर्जुनको उत्साहित करना तथा भीमसेनके दुष्कर पराक्रमका वर्णन करना
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श्लोक 12
श्लोक
8.60.12
दुर्योधनस्य वीरस्य शरौघान् शीघ्रमस्यत:।
संक्रुद्धस्यान्तकस्येव को वेगं संसहेद् रणे॥ १२॥
अनुवाद
इस युद्ध में कौन वीर दुर्योधन के बल का सामना कर सकता है, जो क्रोधी यमराज के समान वेगपूर्वक बाणों की वर्षा कर रहा है?॥12॥
Who in this war can withstand the force of the valiant Duryodhana, who, like the wrathful Yamaraja, is showering arrows rapidly?॥ 12॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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