Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 7.116.22: तत्पश्चात् महाबली सात्यकि ने चार तीखे बाणों से उसके चारों घोड़ों को मारकर उसके सारथि को भी छुरे से मार डाला।   |   mahabharat अध्याय 7.116: सात्यकिका पराक्रम तथा दुर्योधन और कृतवर्माकी पुन: पराजय   ।   mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 7: द्रोण पर्व  »  अध्याय 116: सात्यकिका पराक्रम तथा दुर्योधन और कृतवर्माकी पुन: पराजय  »  श्लोक 22
 
 
श्लोक  7.116.22 
हत्वा तु चतुरो वाहांश्चतुर्भिर्निशितै: शरै:।
सारथिं पातयामास क्षुरप्रेण महायशा:॥ २२॥
 
 
अनुवाद
तत्पश्चात् महाबली सात्यकि ने चार तीखे बाणों से उसके चारों घोड़ों को मारकर उसके सारथि को भी छुरे से मार डाला।
 
Then the illustrious Satyaki, having killed all his four horses with four sharp arrows, also killed his charioteer with a razor blade.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)