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श्लोक  7.10.67 
न पूर्वे नापरे चक्रुुरिदं केचन मानवा:।
इतीदं चुक्रुशुर्देवा: कृते कर्मणि दुष्करे॥ ६७॥
 
 
अनुवाद
जब राजा ने इस कठिन यज्ञ का अनुष्ठान पूरा कर लिया, तो सभी देवताओं ने जयजयकार करते हुए कहा, 'न तो पहले कभी, न बाद में, मनुष्यों ने ऐसा यज्ञ किया था।' 67
 
When the King had completed the rites of this difficult sacrifice, all the gods shouted and said, 'Never before, nor after, had men performed such a sacrifice.' 67
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)