श्री महाभारत  »  पर्व 6: भीष्म पर्व  »  अध्याय 56: तीसरे दिन—कौरव-पाण्डवोंकी व्यूह-रचना तथा युद्धका आरम्भ  »  श्लोक 5-6h
 
 
श्लोक  6.56.5-6h 
भूरिश्रवा: शल: शल्यो भगदत्तश्च मारिष।
मद्रका: सिन्धुसौवीरास्तथा पाञ्चनदाश्च ये॥ ५॥
जयद्रथेन सहिता ग्रीवायां संनिवेशिता:।
 
 
अनुवाद
आर्य! भूरिश्रवा, शाल, शल्य और भगदत्त को जयद्रथ की गर्दन के पास खड़ा किया गया। उनके साथ मद्र, सिन्धु, सौवीर तथा पंचनद देश के योद्धा भी थे। 5 1/2.
 
Arya! Bhurishrava, Shal, Shalya and Bhagadatta were made to stand near Jayadratha's neck. Along with them were also the warriors of Madra, Sindhu, Sauvir and Panchanad country. 5 1/2.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)