Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 6.107.88: हे उत्तम व्रतों का पालन करने वाले कुन्तीपुत्र युधिष्ठिर, जैसा मैंने तुम्हें बताया है, वैसा ही तुम मुझ पर भी करो। ऐसा करने पर ही तुम युद्धभूमि में आए हुए धृतराष्ट्र के समस्त पुत्रों तथा उनके सैनिकों का वध कर सकोगे। | mahabharat अध्याय 6.107: नवें दिनके युद्धकी समाप्ति, रातमें पाण्डवोंकी गुप्त मन्त्रणा तथा श्रीकृष्णसहित पाण्डवोंका भीष्मसे मिलकर उनके वधका उपाय जानना । mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे उत्तम व्रतों का पालन करने वाले कुन्तीपुत्र युधिष्ठिर, जैसा मैंने तुम्हें बताया है, वैसा ही तुम मुझ पर भी करो। ऐसा करने पर ही तुम युद्धभूमि में आए हुए धृतराष्ट्र के समस्त पुत्रों तथा उनके सैनिकों का वध कर सकोगे।
O Yudhishthira, son of Kunti, who observes the best vows, you should apply the same policy on me as I have told you. Only by doing this will you be able to kill all the sons of Dhritarashtra and their soldiers who have come to the battlefield. 88
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥