Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 6.107.22: मधुसूदन! मेरे प्रति भ्रातृ-प्रेम के कारण ये भाई राज्य से वंचित हो गए और वन को भी चले गए। मेरे कारण ही कृष्ण को सभा में अपमान का दुःख सहना पड़ा॥ 22॥ | mahabharat अध्याय 6.107: नवें दिनके युद्धकी समाप्ति, रातमें पाण्डवोंकी गुप्त मन्त्रणा तथा श्रीकृष्णसहित पाण्डवोंका भीष्मसे मिलकर उनके वधका उपाय जानना । mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
मधुसूदन! मेरे प्रति भ्रातृ-प्रेम के कारण ये भाई राज्य से वंचित हो गए और वन को भी चले गए। मेरे कारण ही कृष्ण को सभा में अपमान का दुःख सहना पड़ा॥ 22॥
‘Madhusudana! Due to brotherly love for me, these brothers were deprived of the kingdom and also went to the forest. Because of me, Krishna had to suffer the pain of insult in the public gathering.॥ 22॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥